माँ और माँ की बहन मौसी की चूत चुदाई

हेल्लो मेरी चुदक्कड़ माताओ और , मेरा नाम हेमंत हैं और मैं वापी से हूँ. अभी मेरी उम्र 24 साल हे और मैंने अब तक बहुत सी लडकियों की चूत का भुरता बनाया है मतलब की सेक्स किया हैं. आज की मेरी कहानी उनमें से एक लड़की को चोदने की हैं. वैसे मैं आप को बताऊँ की जब मैं 14वी कक्षा में था तब मैंने अपनी माँ के साथ भी सेक्स किया था. मेरी हाईट 6 फिट हा और शरीर दुबला हैं. मैं दिन में पोर्न देख के कम से कम 2 बार मुठ मारता हूँ.

मेरी एक बहन भी हैं जो मुंबई में रहती हैं. मेरे पापा एक बिजनेशमेन हैं. मम्मी को पहली बार चोदने के बाद हम दोनों रेग्युलर सेक्स करते थे और मेरी सेक्स की फिलिंग दिन बदिन बढती ही जा रही थी. मैं दूसरी लेडिज के साथ भी सेक्स करना चाहता था. 15वी यानि ग्रेजुएशन फाइनल करते करते मैं अपनी माँ को कम से कम 50 बार चोद चूका था. और मैं अब माँ की चूत और बूब्स से उब सा गया था.

वेकेशन में मेरी माँ की बहन हमारे यहाँ पर आई हुई थी. वो उम्र में माँ से सिर्फ एक साल बड़ी हैं. और मेरी माँ की उम्र 40 साल हैं. उसका फिगर भी एकदम सेक्सी हैं. वो अपने पति और बच्चो के साथ जर्मनी में रहती हैं. और वो तिन साल में एक बार ही इंडिया आती हैं. मैं और मेरी माँ ही उसे पिक करने के लिए एअरपोर्ट गए थे. शाम को 5 बजे हम उन्हें ले के वापस घर आ गए. मेरे पापा की कोई बिजनेश मीटिंग थी इसलिए वो नहीं थे और वो दुसरे दिन ही वापस आने वाले थे.

मेरी माँ और मौसी एकदम से चेटिंग में लग गई थी जैसे. और शाम के 8 बजे तक उनकी बातें ही खत्म नहीं हुई जैसे. फिर मौसी ने मुझे कहा की मुझे बच्चो के लिए कुछ कपडे लेने हे तो क्या मैं उनके साथ जाऊँगा? मैंने कहा मुहे कुछ काम हे. इसलिए वो खुद ही पड़ोस के एक दूकान पर चली गई.

घर में अब मैं और मेरी माँ ही थे. मम्मी ने मुझे अपने बेडरूम में आने के लिए कहा. मैं समझ गया की वो चुदासी हुई होगी तभी मुझे बुला रही हे. लेकिन मैं उसको चोदना नहीं चाहता था क्यूंकि मैं थोडा बोर फिल कर रहा था. अभी परसों ही तो मैंने दिन में 3 बार चोदा था उसे. लेकिन उसने मुझे बेड में धक्का दिया और वो मेरे ऊपर चढ़ के मेरे मस्तक को चूमने लगी. मैंने उसे कहा की प्लीज़ मुझे छोड़ दो. वो उठ के लिविंग रूम में प्लास्टिक के चेयर पर बैठ गई. मैं समझा नहीं की वो क्या करना चाहती थी.

मम्मी ने चेयर के ऊपर बैठ के अपनी टांगो को खोल दिया और अपनी नाइटी को उतार दी. उसने ब्रा नहीं पहनी थी. और फिर उसने धीरे से अपनी पेंटी को खोला और बिस्तर के ऊपर फेंक दिया. मैं अभी भी बिस्तर के ऊपर ही था. मम्मी मेरे सामने ही अपनी चूत में फिंगर करने लगी. मैं जान गया की वो मेरा लंड खड़ा करना चाहती थी. वो ऊँगली को पूरा चूत में घुसा के मोअन कर रही थी. मेरा लंड सच में मम्मी के इन नखरो को देख के खड़ा हो गया. मम्मी ने मेरे पेंट में आये हुए उभार को देख के स्माइल दे दी. मैं उठ के उसके पास गया और मम्मी को चेयर से उठा के बिस्तर में डाला.

मैंने मम्मी के होंठो के ऊपर किस किया और उसके बूब्स को चूसने लगा. मम्मी के बूब्स मेरी थूंक से गिले हो चुके थे. मम्मी ने मुझे लंड उसके मुहं के पास ले के आने को कहा. और फिर उसने मेरे लंड को मुहं में ले के उसे चाटना चालू कर दिया. बड़ा चुदासी अंदाज था आज माँ का और मेरी बोरियत दूर हो चुकी थी. मेरा निकलने को था और मैंने मम्मी को ये बताया. मम्मी ने कहा कंट्रोल कर के निकलने मत देना मेरी चूत में आग लगी हुई हैं. मम्मी मेरे ऊपर आ गई उसकी गांड मेरे तरफ थी और उसके मुहं में मेरा लंड था.

मम्मी मुझे मस्त ब्लोव्जोब दे रही थी तब मैंने उसकी चूत को चाटना चालू कर दिया. मैंने एक ऊँगली को चूत में डाल के हिलाया और मम्मी की गांड को भी अपनी जबान से घिसा. मम्मी एकदम सेक्सी अंदाज में मोअन कर रही थी. मैंने मम्मी को कहा अब मेरे से कंट्रोल नहीं होगा और वो मेरा वीर्य लेने को रेडी रहे. मम्मी निचे बैठ गई और मैंने अपने लंड को उसके चहरे के पास रख दिया. मम्मी ने मेरे गिले लंड को हिलाया और उसके चहरे के ऊपर मेरे लंड से निकले हुए वीर्य की एक फिल्म सी बन गई!

मम्मी ने वापस लंड को चूसा और उसके अन्दर से बची कुची बूंदों को भी निचोड़ लिया. अब मैं मोअन कर रहा था क्यूंकि मेरा लंड खाली हो गया था. मम्मी बाथरूम में एक ब्रा और तोवेल ले के चली गई. रनिंग वाटर में उसने तोवेल को भिगोया और अपने बदन को उस से साफ कर लिया. फिर वो बहार आ गई. फिर उसने अपनी गीली ब्रा से मेरे लंड को साफ़ किया और मेरे होंठो के ऊपर एक चुम्मा दे दिया.

मम्मी ने मुझे कहा की मैं डिनर पका के आती हूँ. मम्मी ने अपने कपडे पहन लिए और मैं बेड के ऊपर नंगा ही लेटा हुआ था. और जब मम्मी किचन के लिए दरवाजे को खोलने गई तो वहां पर मौसी को देख के उसकी गांड ही फट गई. मौसी ने मुझे न्यूड देखा और उसने अपने निचले होंठो को दांत से काट लिया.

मैंने जल्दी से अपने लंड को तकिये से ढंक लिया. मैं डर गया की कहीं वो मेरे पापा को मेरे और मम्मी के रिलेशन के बारे में बता ना दे. मम्मी भी मौसी को मिन्नते कर रही थी की किसी को कुछ मत बोलना प्लीज़.

मौसी में नोटी स्माइल से कहा उसके लिए तुम दोनों को मैं जो कहूँ वो करना पड़ेगा. हम दोनों मान गए. मौसी ने पहले तो मुझे कहा की तकिया हटा लो वहां से. और उसने मम्मी को भी नंगा होने के लिए कहा. हम दोनों ने मौसी की बात मान ली और मुझे शर्म आ रही थी. मौसी ने मम्मी को कहा इसकी बगल में लेट जा और अपनी चूत में ऊँगली डाल ले.

मम्मी ने ऐसा ही किया. और उतने में मौसी बाथरूम में गई. और वो कुछ देर में बहार आई तो उसके बदन के ऊपर सिर्फ ब्रा और पेंटी ही थी. दोस्तों मैं वो सिन कभी नहीं भूल सकता हूँ. मौसी के बाल खुले हुए थे. मैं सोचने लगा की साला इसको चोदने का तो अपना अलग ही मजा आएगा. मौसी की सेक्सी बॉडी को देख के मेरा 7 इंच का लंड एकदम कम्पन देने लगा था. मौसी आ के सीधे मेरे ऊपर ही लेट गई.

मैंने अपने हाथ को उसकी ब्रा के हुक पर रक् के खोल दिए. मौसी के 36 इंच के बूब्स बहार आ गए. मम्मी ने मौसी की पेंटी को खोल दिया. मौसी के बड़े बूब्स और बालवाली चूत अब हमारे सामने थी. मैंने उसे बिस्तर पर लिटा दिया और उसकी बाल से भरी हुई चूत को चाटने लगा. मम्मी ने मौसी को लिप किस करना चालू कर दिया.

मैंने आहिस्ता से मौसी के दाहिने चुचे को अपने मुहं में ले लिया और उसे चूसने लगा. और बाएं चुचे को अपने हाथ में ले के दबाने लगा. मौसी ने मुझे कहा मुझे रंडी के जैसे चोदो मेरे राजा. मैंने अपनी दो ऊँगली को मौसी की गांड में घुसा दिया. और वो जोर से मोअन कर गई. मैंने उसके बाद एक और ऊँगली को गांड में डाला और वो और भी जोर से मोअनिंग कर रही थी. मौसी ने कहा अब अपने लंड को मेरी बुर में डालो. लेकिन मैने उसे कहा पहले मेरे लंड को चुसो थोडा.

मैं बिस्तर के ऊपर चढ़ गया और मौसी मेरे लंड को चूसने लगी. मम्मी निचे बॉल्स को लिक कर रही थी. मैं तो जैसे इन दो बहनों को चोदने का सपना देख रहा था. पांच मिनिट के मस्त ब्लोव्जोब के बाद वो दोनों बिस्तर के ऊपर एक के पास एक लेट गई.

फिर मैंने मौसी की चूत में अपना लंड डाल दिया और वो चीखने लगी. मम्मी की चूत खाली थी इसलिए मैंने उसके अन्दर अपनी ऊँगली डाल दी. और वो भी उत्तेजना के मारे चीखने लगी थी. दोनों को बहुत मज़ा आ रहा था और मैं अपनी तरफ से पूरी कोशिश में था की उनको ऐसे ही मजा आता रहे.

5 मिनिट जितना चुदवाने के बाद मौसी ने मुझे कहा की रुको. मैंने लंड निकाला तो वो बोली अब दीदी की बुर चोदो तुम. माँ की चूत तो मैंने बहुत ली थी पहले. इसलिए उनके अन्दर तो आराम से लंड घुस गया मेरा. और मैंने मौसी की बुर में ऊँगली डाली. मेरा एक हाथ अभी भी फ्री था जिस से मैं मौसी के बूब्स को मसल रहा था.

दोनों की चूत को मस्त चोदने के बाद मौसी ने कहा कोई और पोजीशन बनाओ. सच कहूँ तो दोनों की चूत चोद के मैं थक गया था. लेकिन मैं मौसी के सामने अपनी इम्प्रेशन बनाना चाहता था. इसलिए मैं बिस्तर के ऊपर लेट गया और मौसी को अपनी गोदी पर चढ़ा दिया. मेरा लंड उनकी चूत में डीप तक डाल दिया मैंने. मम्मी अपनी चूत चटवाने के लिए मेर पास आ गई. मैं मम्मी की चूत को चाट रहा था और मौसी को चोद रहा था. कुछ देर के बाद मम्मी लंड पर चढ़ी और मौसी ने चूत चटवाई. रात के 10 बजे तक ऐसे ही चुदाई चलती रही. और अब मैं भूखा हुआ था.

लेकिन वो दोनों ही होर्नी लेडीज़ मुझे छोड़ने के मूड में नहीं थी. वो लोग अलग अलग पोजीशन में मेरा लंड लेती रही. कुछ देर में मेरा पानी निकलने को था तो मैंने उन्हें मुहं खोलने के लिए कहा. वो दोनों ने मुहं खोला और मैंने अपने लंड की पिचकारी आधी माँ के मुहं में और बाकी की आधी मौसी के मुहं में मारी.

वो दोनों ने एक दुसरे को लिप किस किया और मेरे वीर्य को इधर से उधर घुमाने लगी. मुझे ये देख के और भी मजा आ रहा था. मैंने मौसी को अपने पास पकड़ के उसके होंठो पर किस दिया. उसके मुहं से मेरे वीर्य की बास आ रही थी.

फिर हम तीनो साथ में बाथरूम में गए और नाहा लिया. मैं आंटी की बॉडी को साफ़ कर रहा था और मेरी मम्मी मेरे लंड के ऊपर साबुन लगा रही थी. मम्मी ने लंड को मस्त साफ़ किया. फिर मैंने मम्मी और मौसी की चूत और गांड को साबुन लगा के धो दिया.

फिर खाने के बाद हम तीनो एक ही बेडरूम में चले गए. मौसी अभी कुछ हफ्ते और रहनेवाली थी इंडिया में ही. और हम तीनो ने मिल के खूब एन्जॉय किया. मौसी के जाने के बाद मैं फिर से अकेली मम्मी की चूत को चोदने के नित्यक्रम पर आ गया!

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1 Response

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